भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के मार्गदर्शन में मध्य प्रदेश एक नई जल क्रांति की ओर अग्रसर है। प्रदेश के चयनित गाँवों में 8 मार्च से 22 मार्च 2026 तक “जल महोत्सव-2026” का आयोजन किया जा रहा है। इस अभियान का मूल उद्देश्य केवल नल से जल पहुंचाना ही नहीं, बल्कि जल प्रबंधन को पूरी तरह से जनभागीदारी पर आधारित बनाना है।
अभियान की मुख्य बातें:
- ग्राम स्तर पर आत्मनिर्भरता: यह महोत्सव उन गाँवों की सफलता को उजागर करेगा जहाँ हर घर जल की स्थिति सत्यापित हो चुकी है और ग्राम पंचायतें स्वयं जल योजनाओं का रख-रखाव कर रही हैं।
- चयनित गाँव: प्रत्येक जिले से ऐसे 2 गाँवों का चयन किया गया है जहाँ जल जीवन मिशन के मानकों का पालन उत्कृष्ट रूप से हो रहा है।
- ऐतिहासिक संदर्भ: रिपोर्ट में बताया गया कि 23 दिसम्बर 2025 को राजगढ़ जिले में देश का पहला “जल अर्पण दिवस” मनाया गया था, जिसने इस जनभागीदारी की नींव रखी थी।