अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को एक बार फिर सख्त चेतावनी दी है। रविवार को ट्रुथ सोशल पर की गई पोस्ट में उन्होंने ईरान पर सीजफायर उल्लंघन का आरोप लगाते हुए कहा कि यदि समझौता नहीं हुआ तो अमेरिका ईरान के हर पावर प्लांट और हर ब्रिज को तबाह कर देगा।
ट्रंप ने दावा किया कि ईरान ने शनिवार को गोलीबारी कर संघर्ष विराम समझौते का पूरी तरह उल्लंघन किया है। उन्होंने यह भी कहा कि इन हमलों में से कई गोलियां एक फ्रांसीसी जहाज और यूनाइटेड किंगडम के एक मालवाहक जहाज को निशाना बनाकर चलाई गईं।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने इस्लामाबाद में चल रही बातचीत की पुष्टि भी की। उन्होंने बताया कि उनके प्रतिनिधि सोमवार शाम को पाकिस्तान के लिए रवाना होंगे। इसके साथ ही उन्होंने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने संबंधी आईआरजीसी के दावे का मजाक उड़ाया।
ट्रंप ने कहा कि ईरान का यह दावा अजीब है क्योंकि अमेरिकी नाकेबंदी के कारण पहले ही यह मार्ग बाधित है। उनके अनुसार, इस स्थिति से ईरान को रोजाना करीब 500 मिलियन डॉलर का नुकसान हो रहा है।
उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका एक “उचित और व्यावहारिक” समझौता प्रस्तावित कर रहा है और उन्हें उम्मीद है कि ईरान इसे स्वीकार करेगा। ट्रंप ने चेतावनी दी कि यदि समझौता नहीं हुआ तो अमेरिका ईरान में हर पावर प्लांट और हर पुल को नष्ट कर देगा। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसा करना उनके लिए सम्मान की बात होगी क्योंकि वे वह करेंगे जो पिछले 47 वर्षों में कोई अमेरिकी राष्ट्रपति नहीं कर सका।
रिपोर्ट के अनुसार, 28 फरवरी को इजरायल-यूएस की संयुक्त एयर स्ट्राइक शुरू हुई थी। इसके बाद 8 अप्रैल को दो सप्ताह के लिए अस्थायी संघर्ष विराम की घोषणा की गई थी। स्थायी समाधान के लिए इस्लामाबाद में वार्ता हुई, जो असफल रही। इसके बाद दूसरे दौर की बातचीत की चर्चा जारी थी। हालांकि आधिकारिक घोषणा नहीं हुई थी, लेकिन डॉन मीडिया आउटलेट ने पुलिस के हवाले से बताया कि विदेशी प्रतिनिधिमंडल के आगमन के कारण इस्लामाबाद के रेड जोन में ट्रैफिक बंद कर दिया गया था।