अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर प्रसिद्ध जैन तीर्थ मोहनखेड़ा में ‘आदिराज पारणा महोत्सव’ (वर्षीतप पारणा) का भव्य आयोजन हुआ। गच्छाधिपति श्रीमद विजय नित्यसेन सुरीश्वरजी महाराज की निश्रा में आयोजित इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सम्मिलित हुए। इस दौरान 550 से अधिक तपस्वियों ने अपना वर्षीतप पूर्ण कर पारणा किया।
मुख्यमंत्री ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि मानव शरीर पंचतत्वों से निर्मित है और अनेक योनियों के बाद प्राप्त होता है। इसे आध्यात्मिक रूप से संस्कारित करने के लिए उपवास एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने गुरु की महिमा बताते हुए कहा कि जिस प्रकार सूर्य जगत को ऊर्जा देता है, वैसे ही गुरु जीवन के भटकाव को दूर कर सही मार्ग दिखाते हैं। मुख्यमंत्री ने आचार्य श्री राजेन्द्र सूरी जी महाराज का स्मरण करते हुए कहा कि सरकार भौतिक विकास के साथ आध्यात्मिक चेतना के संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने घोषणा की कि गुरुदेव के इंदौर चातुर्मास के दौरान राज्य सरकार पूर्ण सहयोग प्रदान करेगी।