जबलपुर के बरगी डैम में गुरुवार को हुई क्रूज़ दुर्घटना के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को घटनास्थल का निरीक्षण किया और पीड़ित परिवारों से मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने इस हादसे पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए इसे अत्यंत पीड़ादायक बताया। उन्होंने स्पष्ट किया कि दुर्घटना के लिए जिम्मेदार किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। त्वरित कार्रवाई करते हुए क्रूज़ के पायलट महेश पटेल, हेल्पर छोटेलाल गोंड और टिकट काउंटर प्रभारी बृजेन्द्र की सेवाएं तत्काल समाप्त कर दी गई हैं। इसके साथ ही होटल मैकल रिसॉर्ट के मैनेजर सुनील मरावी को निलंबित और रीजनल मैनेजर संजय मल्होत्रा को मुख्यालय संबद्ध करते हुए उनके विरुद्ध विभागीय जांच शुरू कर दी गई है।
मुख्यमंत्री ने भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए एक उच्च स्तरीय जांच समिति के गठन की घोषणा की है। इस समिति में महानिदेशक होमगार्ड, शासन के सचिव और जबलपुर संभाग के आयुक्त को शामिल किया गया है। यह समिति न केवल दुर्घटना के कारणों की पड़ताल करेगी, बल्कि क्रूज़ संचालन के नियमों की भी समीक्षा करेगी। डॉ. यादव ने बताया कि पर्यटन विभाग को क्रूज़ संचालन के लिए एक विस्तृत एसओपी (मानक संचालन प्रक्रिया) तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि सुरक्षा मानकों में कोई चूक न रहे।
राहत कार्यों की जानकारी देते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि इस हादसे में 9 लोगों की असामयिक मृत्यु हुई है, जबकि रेस्क्यू टीम ने तत्परता दिखाते हुए 28 लोगों को सुरक्षित बचा लिया है। उन्होंने विशेष रूप से रियाज नामक व्यक्ति का उल्लेख किया, जो कई घंटों तक पानी में फंसे रहने के बाद सुरक्षित निकाले गए। रेस्क्यू ऑपरेशन में एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, जिला प्रशासन और भारतीय सेना के गोताखोरों की मदद ली गई है। मुख्यमंत्री ने बचाव दल के सदस्यों के साहस की सराहना करते हुए उनके लिए 51-51 हजार रुपए की पुरस्कार राशि और सार्वजनिक सम्मान की घोषणा की है।
आर्थिक सहायता के संबंध में मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपए और राज्य सरकार की ओर से 4-4 लाख रुपए की सहायता दी जा रही है। उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे मौसम विभाग की चेतावनियों को गंभीरता से लें। मुख्यमंत्री ने संकट की इस घड़ी में पीड़ित परिवारों को ढांढस बंधाते हुए कहा कि शासन-प्रशासन और जन-प्रतिनिधि उनके साथ खड़े हैं और लापता लोगों की तलाश के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन अभी भी जारी है।