सप्ताह के तीसरे कारोबारी दिन बुधवार, 24 जून को भारतीय शेयर बाजार में चौतरफा खरीदारी के चलते बड़ी बढ़त दर्ज की जा रही है। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स 1000 अंकों की छलांग लगाकर 77,150 के स्तर पर आ गया है, जबकि निफ्टी सूचकांक भी करीब 250 अंकों की तेजी के साथ 24,100 के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर गया है। बाजार की इस तेजी को मुख्य रूप से सूचना प्रौद्योगिकी (IT) और फार्मास्यूटिकल सेक्टर के शेयरों से समर्थन मिल रहा है, जिसमें टेक महिंद्रा, इंफोसिस, आईसीआईसीआई बैंक और पावर ग्रिड के शेयरों में 3 फीसदी तक की बढ़त दर्ज की गई है।
इस व्यापारिक सरगर्मी के बीच अडाणी ग्रुप की वर्ष 2026 की सालाना साधारण सभा (AGM) संपन्न हुई। बैठक के दौरान समूह के प्रमुख गौतम अडाणी ने अपनी भावी रणनीतियों को रेखांकित करते हुए तीन मुख्य योजनाओं की घोषणा की। इन योजनाओं का खाका इस तरह तैयार किया गया है जिससे समूह के विभिन्न व्यवसायों का सुदृढ़ीकरण हो सके, कंपनी की समग्र कार्यक्षमता (एफिशिएंसी) को बढ़ावा मिले और साथ ही कर्मचारियों के हितों व उनकी भलाई को सुरक्षित किया जा सके।
शेयरधारकों के समक्ष अपने विचार रखते हुए गौतम अडाणी ने कहा कि हमारा समूह वित्तीय और तकनीकी परिदृश्य में हो रहे बदलावों को केवल देख नहीं रहा है, बल्कि आने वाले कल के अनुरूप खुद को ढाल रहा है। उन्होंने आगे कहा कि हम विश्व की उन चुनिंदा कंपनियों में शुमार हैं, जो आने वाले समय के केवल आने की प्रतीक्षा नहीं करतीं, बल्कि भविष्य की आवश्यकताओं के अनुसार अग्रिम रूप से खुद को तैयार रखती हैं।
वैश्विक परिदृश्य को देखें तो एशियाई बाजारों से आज मिले-जुला संकेत मिल रहे हैं। दक्षिण कोरिया का कोस्पी सूचकांक 1.10% (33 अंक) की गिरावट के साथ 8,081 के स्तर पर है और जापान का निक्केई सूचकांक 0.38% (265 अंक) कमजोर होकर 69,524 पर आ गया है, जबकि हॉन्गकॉन्ग का हैंगसेंग 0.22% (44 अंक) की बढ़त के साथ 23,380 पर कारोबार कर रहा है। इससे पहले मंगलवार को अमेरिकी बाजारों में कमजोरी का रुख रहा था। अमेरिकी बाजार के प्रमुख सूचकांक डाउ जोन्स में 46 अंकों (0.09%) की मामूली गिरावट रही और यह 51,667 पर बंद हुआ, जबकि नैस्डैक 580 अंक (2.21%) टूटकर 25,587 पर और एसएंडपी 500 सूचकांक 107 अंक (1.44%) फिसलकर 7,365 पर बंद हुआ था।
बाजार में निवेश के प्रवाह पर नजर डालें तो पिछले कारोबारी सत्र में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने 18 करोड़ रुपये मूल्य के शेयरों की शुद्ध खरीदारी की। निवेश के तुलनात्मक आंकड़ों के मुताबिक, घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने नवीनतम कारोबारी सत्र में 680 करोड़ रुपये की शुद्ध खरीदारी की है, जबकि पिछले 7 दिनों में 4,073 करोड़ रुपये और बीते 30 दिनों में कुल 88,718 करोड़ रुपये की लिवाली की है। इसके विपरीत विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FII) ने पिछले 7 दिनों में 3,216 करोड़ रुपये की लिवाली की, जबकि बीते 30 दिनों के दौरान बाजार से कुल 68,219 करोड़ रुपये की शुद्ध निकासी की है।
आज बाजार में जो यह तेजी का माहौल बना है, वह कल की भारी बिकवाली के बाद आया एक बड़ा सुधार है। गौरतलब है कि मंगलवार, 23 जून को शेयर बाजार भारी गिरावट का शिकार हुआ था, जब सेंसेक्स 893 अंकों के नुकसान के साथ 76,200 के स्तर पर आकर बंद हुआ था। वहीं निफ्टी भी पिछले सत्र में 278 अंकों की कमजोरी दिखाते हुए 23,824 के स्तर पर बंद हुआ था, जिससे आज बाजार पूरी तरह उबरता हुआ दिखाई दे रहा है।