इस सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार बड़ी गिरावट के साथ बंद हुए। BSE सेंसेक्स 1687.94 अंक या 2.87% नीचे 57,107.15 पर बंद हुआ। जबकि निफ्टी 509.80 अंक या 2.91% गिरकर 17,026.45 पर बंद हुआ। इससे पहले शुक्रवार सुबह BSE 540.3 अंकों की गिरावट के साथ 58,254.79 पर खुला था। दिनभर की ट्रेडिंग के दौरान इसमें 1,801.2 अंकों की गिरावट आई। दूसरी तरफ, निफ्टी 197.5 अंक नीचे 17,338.75 पर खुला था। ये दिनभर की ट्रेडिंग के दौरान 550.55 अंक तक गिर गया।
गिरावट के तीन कारण
- पहला कारण- नया कोविड वैरिएंट: दक्षिण अफ्रीका में कोरोना वायरस का नया वैरिएंट मिला है। वैरिएंट के सामने आने के बाद भारत सरकार के स्वास्थ्य सचिव ने निर्देश जारी किया है कि भारत आने वाले सभी अंतरराष्ट्रीय यात्रियों की सघन कोरोना जांच की जाए।
- दूसरा कारण- FII सेलिंग: एनएसई के पास उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक फॉरेन पोर्टफोलियो इन्वेस्टर (FPI) ने घरेलू स्टॉक्स में 2,300.65 करोड़ रुपए की बिकवाली की है। ये बिकवाली डोमेस्टिक इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (DIIs) की खरीदारी से ज्यादा है। बिकवाली ने निवेशकों के उत्साह को भी कम कर दिया है।
- तीसरा कारण- एशियन मार्केट्स से कमजोर संकेत : सभी एशियन मार्केट में भी गिरावट का रुख है, जिसका असर घरेलू बाजार पर भी देखने को मिल रहा है। SGX निफ्टी, निक्केई, स्ट्रेट टाइम्स, हैंगसेंग, ताइवान वेटेड, कोस्पी, शंघाई कंपोजिट सभी में 1-2% की गिरावट है।
बीएसई पर करीब 47 फीसदी कंपनियों के शेयरों में गिरावट रही
- बीएसई का मार्केट कैप 258 लाख करोड़ रुपए रहा।
- 3,415 कंपनियों के शेयरों में ट्रेडिंग हुई। इसमें 1,069 कंपनियों के शेयर बढ़त में और 2,242 कंपनियों के शेयर में गिरावट रही।
- 237 कंपनियों के शेयर 1 साल के उच्च स्तर और 34 कंपनियों के शेयर एक साल के निम्न स्तर पर रहे।
- 398 कंपनियों के शेयर में अपर सर्किट और 179 कंपनियों के शेयर में लोअर सर्किट लगा