ब्रिटेन की महारानी क्वीन एलिजाबेथ ने शनिवार को अपने शासन की 70वीं सालगिरह मनाई। शनिवार को जारी एक लेटर में महारानी एलिजाबेथ ने इंग्लैंड के अगले महाराजा के तौर अपने बेटे चार्ल्स के नाम का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि जब प्रिंस चार्ल्स किंग यानी महाराजा बनेंगे तब उनकी पत्नी कैमिला को क्वीन कांसर्ट यानी महारानी की उपाधि देना पसंद करेंगी।
एलिजाबेथ ने कहा कि समय आने पर कैमिला को क्वीन कांसर्ट के रूप में जाना जाए। मुझे उम्मीद है कि कैमिला अपनी वफादार सेवा जारी रखेंगी।चार्ल्स और कैमिला ने साल 2005 में शादी की थी। एलिजाबेथ का यह ऐलान कैमिला को राजपरिवार सदस्य के तौर पर अपनाने की मंजूरी देता है। ब्रिटेन के इतिहास के मुताबिक, महाराजा की पत्नी खुद ही महारानी बन जाती हैं। यह ऐलान इसलिए भी अहम है क्योंकि प्रिंस चार्ल्स ने पहले कहा था कि जब वे ब्रिटेन के महाराजा बनेंगे तब कैमिला ‘प्रिंसेस कांसर्ट’ के तौर पर रहेंगी, ‘क्वीन कांसर्ट’ नहीं।
सालगिरह समारोह का आयोजन इंग्लैंड के पूर्व में मौजूद रॉयल सैंड्रिघम हाउस में किया गया। 95 साल की एलिजाबेथ ब्रिटेन पर 70 साल राज करने वाली पहली शासक हैं। वे पिछले साल अक्टूबर के बाद से अब नजर आई हैं। महारानी के बयान के बाद उन अटकलों पर भी विराम लग गया है, जिसमें ये कहा जा रहा था कि वे जल्द ही गद्दी छोड़ सकती हैं।
महारानी ने कहा कि 6 फरवरी 1952 को मुझे सिंहासन पर बिठाया गया था। आज इसकी 70वीं वर्षगांठ है। यह दिन 70 साल बाद भी मुझे अपने पिता किंग जॉर्ज VI की मौत को याद करती हूं। बता दें कि इसी दिन किंग जॉर्ज का अचानक निधन हो गया था। उस समय एलिजाबेथ की उम्र महज 25 साल थी।
एलिजाबेथ ने कहा कि मुझे 1947 में दी गई प्रतिज्ञा को दोहराते हुए खुशी हो रही है कि मेरा जीवन हमेशा आपकी सेवा के लिए समर्पित रहेगा। मैं पूरे दिल से आपकी सेवा करना जारी रखने के लिए उत्सुक हूं।