रायपुर में कांग्रेस के राष्ट्रीय अधिवेशन में मुख्यमंत्री ने पार्टी के बड़े नेताओं का स्वागत माला पहनाकर किए। इसके बाद भाजपा समर्थित फेसबुक पेज,और ग्रुप्स में दावा किया गया कि ये मालाएं सोने की हैं। कई अलग-अलग जगहों पर एक जैसे मैसेज कॉपी-पेस्ट होने लगा। इसके बाद इस दावे का सच खुद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बताया।भूपेश बघेल ने वीडियो जारी करके इस माला को बनाने की पूरी प्रोसेस को दिखाएं। दरअसल ये घास से बनी माला थीं। जिसे सोने की माला बता दिया गया था। मुख्यमंत्री ने वीडियो पोस्ट करते हुए लिखा – झूठ बोलो, बार-बार झूठ बोलो, जितना जोर से बोल सकते हो, उतना बोलो। इस सूत्र पर चलने वाले इस अनमोल तोहफे का भी अपमान कर रहे हैं, साथ ही प्रकृति पुत्रों/पुत्रियों की कला और छत्तीसगढ़ की संस्कृति का भी। आखिर छत्तीसगढ़ के लोगों और यहां की संस्कृति से भाजपा को इतनी नफरत क्यों है?