सर्वोच्च न्यायालय ने आज सोमवार को केजरीवाल सरकार को दो महीने के समय सीमा के भीतर ‘Regional Rapid Transit System (RRTS) के लिए 415 करोड़ रूपये देने का आदेश दिया है। जस्टिस SK कौल और जस्टिस सुधांशु धूलिया की पीठ ने कड़े लहजे में कहा की केजरीवाल की नेतृत्व वाली आप सरकार ने पिछले तीन वर्षों में विज्ञापनों पर 1100 करोड़ रुपये खर्च कर सकती है, इसका मतलब हुआ कि सरकार के पास फंड की कमी नहीं है तो आप बुनियादी ढांचा परियोजनाओं को फलीभूत होने के लिए पैसा दे ही सकते हैं। बता दें कि केजरीवाल सरकार ने RRTS परियोजना के लिए फंड देने में असमर्थता जताई थी, जिसके बाद SC ने उसे पिछले तीन वर्षों में विज्ञापनों पर खर्च का ब्योरा रिकॉर्ड पर रखने का निर्देश दिया।