भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में मध्य प्रदेश सरकार ने इंदौर-उज्जैन ग्रीनफील्ड मार्ग के निर्माण को हरी झंडी दे दी है। इस परियोजना की सबसे खास बात यह है कि इसे किसानों की सहमति और उनके हितों को सर्वोपरि रखते हुए स्वीकृत किया गया है। इस निर्णय से हर्षित इंदौर के सांवेर क्षेत्र के निवासियों ने मुख्यमंत्री निवास पहुंचकर डॉ. यादव का भव्य स्वागत किया और पगड़ी पहनाकर उनका आभार जताया।
परियोजना के मुख्य लाभ:
- समय की बचत: 3 हजार करोड़ की लागत से बनने वाली यह सड़क इंदौर और उज्जैन के बीच की यात्रा को 75 मिनट से घटाकर सिर्फ 30 मिनट कर देगी।
- आर्थिक विकास: यह मार्ग न केवल स्थानीय स्तर पर उद्योगों और लॉजिस्टिक पार्कों को बढ़ावा देगा, बल्कि किसानों की मंडियों तक पहुंच को भी आसान बनाएगा।
- व्यापारिक महत्व: देश के प्रमुख औद्योगिक केंद्रों के बीच कनेक्टिविटी बेहतर होने से इंदौर-उज्जैन क्षेत्र का व्यावसायिक महत्व वैश्विक स्तर पर बढ़ेगा।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि यह मार्ग सिंहस्थ के लिए भी अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार ने किसानों के सुझावों को मानकर और 816 करोड़ रुपये से अधिक का उचित मुआवजा तय करके यह सिद्ध कर दिया है कि उनके लिए ‘किसान हित’ ही सर्वोपरि है।