फीफा विश्व कप का महामुकाबला आज न्यूयॉर्क के न्यू जर्सी स्टेडियम में खेला जाएगा, जहां भारतीय समयानुसार रात 12:30 बजे स्पेन और अर्जेंटीना की टीमें खिताब के लिए मैदान में उतरेंगी। टूर्नामेंट के इतिहास में पूरे छह दशकों (60 साल) के लंबे अंतराल के बाद दोनों शक्तिशाली टीमें एक-दूसरे को चुनौती देती नजर आएंगी। इस अंतिम मैच में स्पेन के पास साल 2010 के बाद दूसरी बार वैश्विक विजेता बनने का गौरव हासिल करने का मौका होगा, जबकि मौजूदा चैंपियन अर्जेंटीना की नजरें चौथी बार इस प्रतिष्ठित ट्रॉफी को अपने नाम करने और लगातार दूसरा विश्व कप जीतने पर टिकी होंगी। यदि अर्जेंटीना आज का मैच जीत जाता है, तो वह इटली (1938) और ब्राजील (1962) के क्लब में शामिल होकर लगातार दो बार विश्व कप का खिताब बचाने वाला दुनिया का तीसरा देश बन जाएगा।
इस ऐतिहासिक खिताबी मुकाबले का सबसे दिलचस्प पहलू अर्जेंटीना के दिग्गज स्टार खिलाड़ी लियोनेल मेसी और स्पेन के युवा सनसनी लामिन यमाल के बीच की प्रतिद्वंद्विता है। यह मुकाबला एक बेहद भावुक पृष्ठभूमि से भी जुड़ा हुआ है; लगभग 19 वर्ष पहले, बार्सिलोना क्लब के एक परमार्थ (चैरिटी) फोटोशूट के दौरान 20 वर्षीय युवा मेसी ने महज तीन महीने के शिशु यमाल को अपनी गोद में लेकर नहलाया था। वर्ष 2024 में इंटरनेट पर तेजी से प्रसारित हुई यह तस्वीर अब फुटबॉल के इतिहास की सबसे चर्चित यादों में शुमार हो चुकी है। आज वही यमाल पहली बार किसी अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपने आदर्श मेसी के खिलाफ खेलेंगे।
यदि खिलाड़ियों के मौजूदा प्रदर्शन पर नजर डालें, तो एम्बाप्पे 10 गोल और 4 असिस्ट के प्रभावशाली आंकड़ों के साथ गोल्डन बूट की रेस में सबसे आगे चल रहे हैं, जबकि लियोनेल मेसी 8 गोल और 4 असिस्ट के साथ दूसरे पायदान पर मौजूद हैं। स्पेनिश टीम की तरफ से मिकेल ओयारजाबाल 5 गोल दागकर अपनी टीम के सर्वश्रेष्ठ स्कोरर बने हुए हैं, तो दूसरी तरफ 19 वर्षीय यमाल ने टूर्नामेंट में 30 सफल ड्रिब्ल करके खुद को सबसे प्रभावशाली विंगर के रूप में स्थापित किया है।
इन दोनों टीमों के बीच अब तक के कुल रिकॉर्ड्स की बात करें, तो दोनों ने आपस में 14 मैच खेले हैं। इनमें से दोनों ने 6-6 मैचों में जीत हासिल की है, जबकि 2 मुकाबले ड्रॉ रहे हैं। विश्व कप के मंच पर दोनों की भिड़ंत केवल एक बार वर्ष 1966 में हुई थी, जिसमें अर्जेंटीना को 2-1 से जीत मिली थी। इसके बाद साल 2018 में खेले गए एक दोस्ताना मैच में स्पेन ने अर्जेंटीना को 6-1 के बड़े अंतर से करारी शिकस्त दी थी।
लुइस डे ला फुएंते के मार्गदर्शन में खेल रही स्पेनिश टीम ने इस टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया है। केप वर्डे के खिलाफ गोलरहित ड्रॉ (0-0) से शुरुआत करने के बाद, स्पेन ने लगातार छह मुकाबलों में विजय पताका फहराते हुए फाइनल में प्रवेश किया है। इस दौरान उन्होंने ऑस्ट्रिया, पुर्तगाल, बेल्जियम और सेमीफाइनल में फ्रांस को 2-0 से शिकस्त दी। पूरे टूर्नामेंट में स्पेन की रक्षापंक्ति इतनी मजबूत रही है कि विपक्षी टीमें केवल एक ही गोल कर सकी हैं। गोलकीपर उनाई सिमोन ने एक ही सीजन में सबसे अधिक छह क्लीन शीट रखने का कीर्तिमान स्थापित किया है, जबकि कप्तान रोड्री ने पूरे टूर्नामेंट में रिकॉर्ड 648 सफल पास देकर अपना दबदबा साबित किया।
वहीं दूसरी ओर, खिताब बचाने उतरी अर्जेंटीना की टीम ने लगातार सात जीत दर्ज कर फाइनल का टिकट कटाया है। ग्रुप चरण में अल्जीरिया, ऑस्ट्रिया और जॉर्डन को हराने के बाद नॉकआउट दौर में उन्होंने केप वर्डे, मिस्र, स्विट्जरलैंड और इंग्लैंड को परास्त किया। टीम का जुझारू रवैया तब देखने को मिला जब वे मिस्र के खिलाफ 0-2 से पिछड़ने के बावजूद 3-2 से जीते और सेमीफाइनल में इंग्लैंड से पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए 2-1 से जीत हासिल की। अर्जेंटीना ने इस प्रतियोगिता में अब तक सबसे अधिक 19 गोल दागे हैं।
आज के फाइनल मुकाबले को स्पेन के अभेद्य डिफेंस और अर्जेंटीना के आक्रामक अटैक के बीच की जंग माना जा रहा है। जहां स्पेन ने सिर्फ एक गोल खाया है, वहीं अर्जेंटीना ने 19 गोल किए हैं। ऐसे में रोड्री, कुबार्सी और कुकुरेला के कंधों पर मेसी की रफ्तार रोकने का दारोमदार होगा, जबकि अर्जेंटीना की उम्मीदें मेसी, जूलियन अल्वारेज और एंजो फर्नांडीज की तिकड़ी पर टिकी रहेंगी।
संभावित शुरुआती एकादश (Starting XI):
- स्पेन: उनाई सिमोन (गोलकीपर), पेड्रो पोरो, पाउ कुबार्सी, आयमेरिक लापोर्टे, मार्क कुकुरेला, रोड्री (कप्तान), फेबियन रुइज, लामिन यमाल, दानी ओल्मो, एलेक्स बेएना, मिकेल ओयारजाबाल।
- अर्जेंटीना: एमिलियानो मार्टिनेज (गोलकीपर), नहुएल主动 मोलिना, क्रिस्टियन रोमेरो, लिसांद्रो मार्टिनेज, निकोलस टैग्लियाफिको, लिएंड्रो परेडेस, एलेक्सिस मैक एलिस्टर, एंजो फर्नांडीज, गिउलियानो सिमियोने, लियोनेल मेसी (कप्तान), जूलियन अल्वारेज।