मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय के 30वें मुख्य न्यायाधिपति के रूप में न्यायमूर्ति अल्पेश यशवंत कोगजे ने गुरुवार को कार्यभार संभाल लिया। लोकभवन स्थित सांदीपनि सभागार में आयोजित औपचारिक समारोह के दौरान राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने उन्हें पद की शपथ दिलाई, जहां मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी मौजूद रहे।
शपथ ग्रहण के तत्काल बाद राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने नवपदस्थ मुख्य न्यायाधिपति को फूलों का गुलदस्ता देकर नए दायित्व के लिए बधाई प्रेषित की। इस गरिमापूर्ण आयोजन की कार्यवाही मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल के निर्देशन में संचालित हुई, जिन्होंने पद पर नियुक्ति से संबंधित राष्ट्रपति की आधिकारिक विज्ञप्ति को पढ़कर सुनाया। समारोह की शुरुआत राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ से हुई और इसका समापन राष्ट्रगान ‘जन-गण-मन’ के सामूहिक गायन के साथ हुआ।
इस अवसर पर शासन और प्रशासन के शीर्ष प्रतिनिधि मौजूद रहे। इनमें विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र सिंह तोमर, उप मुख्यमंत्री द्वय जगदीश देवड़ा व राजेंद्र शुक्ल, राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गौतम टेटवाल, भोपाल की महापौर मालती राय तथा पूर्व राज्यपाल कप्तान सिंह सोलंकी प्रमुख रूप से सम्मिलित हुए।
समारोह में न्यायिक समुदाय की भी व्यापक सहभागिता रही। मध्य प्रदेश मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष अवधेश प्रताप सिंह, उच्च न्यायालय के रजिस्ट्रार जनरल धरमिंदर सिंह के साथ ही न्यायमूर्ति जी.एस. अहलूवालिया, न्यायमूर्ति सुबोध अभ्यंकर, न्यायमूर्ति संदीप एन. भट्ट, न्यायमूर्ति विनय सराफ और न्यायमूर्ति रमेश फड़के उपस्थित थे। इसके अलावा मध्य प्रदेश, गुजरात तथा उत्तर प्रदेश उच्च न्यायालयों के न्यायाधीशगण व बड़ी संख्या में अधिवक्ता भी शामिल हुए।
प्रशासनिक और पुलिस महकमे से अपर मुख्य सचिव डॉ. शिवशेखर शुक्ला, अपर मुख्य सचिव संजय शुक्ला, राज्यपाल के प्रमुख सचिव डॉ. नवनीत मोहन कोठारी तथा डीजीपी कैलाश मकवाना सहित कई सांसद, विधायक, न्यायिक अधिकारी और विभिन्न आयोगों के प्रतिनिधि इस शपथ ग्रहण समारोह में उपस्थित रहे।